फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश के जनपद फर्रुखाबाद की कमालगंज थाना पुलिस ने पिछले चार दिन से हवालात में बंद दिव्यांग को स्वास्थ्य बिगड़ने पर बुधवार को छोड़ दिया। उसे हवालात से बाहर निकाल कर परिजनों को सौंप दिया ।
थाना क्षेत्र के ग्राम विज्जी दरोरा में 15 फरवरी को समर पाल यादव व अभय सिंह यादव के बीच झगड़ा हुआ था। आराेप है कि अभय यादव व उनके बेटों ने समर पाल पर दिनदहाड़े फायरिंग कर मारपीट की थी। शिकायत करने पर 112 नंबर पुलिस समर पाल को रिपोर्ट लिखवाने के लिए थाने ले गई थी। पुलिस ने समर पाल की तहरीर पर मुकदमा दर्ज नहीं किया। पुलिस ने राजनीतिक दबाव पड़ने पर अभय सिंह की ओर से समर पाल व उनके बेटे के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कर ली।
कमालगंज थाने के दरोगा कमलेश कुमार ने पुलिस फोर्स के साथ 15 फरवरी को समर पाल के घर दबिश देकर तोड़फोड़ की थी। पुलिस डंडे के सहारे चलने वाले दिव्यांग समर पाल व उनके बेटे सुधीर को पकड़ ले गई थी। आज हालत बिगड़ने पर मजबूरन पुलिस ने समर पाल को कमालगंज में रहने वाले रिश्तेदारों को सौंप दिया। उसे कमालगंज सीएचसी में भर्ती कराया गया ।
पीड़ित समर पाल ने बताया कि पुलिस चार दिन पहले मुझे व मेरे बेटे को घर से पकड़ ले गई थी । इस दौरान पुलिस ने मेरे घर को वीरान कर दिया था। हवालात में भूखमरी की नौबत रही रिश्तेदारों ने खाना लाकर खिलाया।
पुलिस ने मेरी रिपोर्ट दर्ज नहीं की जबकि मेरे ऊपर दिनदहाड़े गोली चलाई गई थी। जिसका वीडियो भी पुलिस को दिया था। एसपी से शिकायत करने की रंजिश में पुलिस ने मुझे पकड़कर हवालात में डाल दिया। बेटा अभी भी हवालात में बंद है। अपर पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार ने बताया कि मामले की जांच करा कर सम्बंधित के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
